रामलला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह में हमले की साजिश,पकड़े गए आरोपी की गुरपतवंत सिंह पन्नू से होती थी बात
Ramlala ke Pran Pratishtha Samaroh Mein hamle ki Sajish, pakde Gaye aaropi ki gurptawant Singh Pannu Se Hoti Thi Baat
ओजस्वी किरण डेक्स
अयोध्या। रामनगरी अयोध्या में सोमवार को भव्य राम मंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा होगी।प्राण प्रतिष्ठा के दौरान खालिस्तान समर्थक गुरपतवंत सिंह पन्नू के इशारे पर बड़ी साजिश को अंजाम देने आए तीनों संदिग्ध शंकर लाल उर्फ दुसाद, अजीत कुमार, प्रदीप पुनिया से पूछताछ में बड़ा खुलासा हुआ है। बता दें कि तीनों राजस्थान के सीकर के रहने वाले हैं।
पकड़ा गया आरोपी शंकर लाल उर्फ दुसाद गुरपतवंत सिंह पन्नू के सीधे संपर्क में था।कनाडा में मारे गए गैंगस्टर सुखविंदर सिंह उर्फ सूखा से भी दुसाद के संबंध थे।बीकानेर जेल से छूटने के बाद दुसाद लगातार सुखविंदर सिंह सुखा से बात कर रहा था।
जानकारी के मुताबिक सितंबर 2023 में सुक्खा की हत्या के बाद शंकर लाल उर्फ दुसाद लखविंदर सिंह लांडा के संपर्क में आया था।गुरपतवंत सिंह पन्नू ने फोन पर शंकर लाल दुसाद को राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा समारोह में बड़ी घटना को अंजाम देने का टारगेट दिया था। इसी के तहत अयोध्या में हर एक रास्ते की रेकी कर नक्शा और जानकारी गुरपतवंत सिंह पन्नू तक पहुंच चुका था।अयोध्या पहुंचने के बाद दुसाद कनाडा और लंदन के नंबरों पर बात कर रहा था।अयोध्या से कई फोटो, रास्तों की डिटेल, पुलिस की तैनाती की जानकारी कनाडा और लंदन के नंबरों पर भेजी गई थी।पुलिस को चकमा देने के लिए हरियाणा नंबर की जिस स्कॉर्पियो HR 51 BX 3753 पर राम झंडा लगाकर तीनों संदिग्ध घूम रहे थे वह दुसाद के फर्जी आधार कार्ड पर खरीदी गई थी।
गाड़ी की आरसी में शंकर लाल दुसाद का नाम था,लेकिन पुलिस ने चेक किया तो बरामद हुई स्कॉर्पियो श्रवण कुमार सरसवां के नाम पर दर्ज निकली।सुक्खा की हत्या के बाद गुरपतवंत सिंह पन्नू सीधे दुसाद को हैंडल कर रहा था। वही उसे अयोध्या में रामलला के प्राण प्रतिष्ठा के दौरान घटना को अंजाम देने के लिए सीधे निर्देश दे रहा था।रेकी किए जाने के बाद गुरपतवंत पन्नू ने अयोध्या में ही घटना के लिए मदद मिलने का उन्हें भरोसा दिया था।यूपी एटीएस की टीम अब तीनों संदिग्धों से पूछताछ में मिली जानकारी के बाद मददगारों की तलाश में जुटी हुई है।
शंकर लाल उर्फ दुसाद राजस्थान का कुख्यात गैंगस्टर है।दुसाद के खिलाफ साल 2007 से साल 2014 के बीच सात मुकदमे राजस्थान में दर्ज हैं। ये मुकदमे मारपीट, फायरिंग करने, शराब तस्करी, हवाला लूट, बीकानेर में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष रामकृष्ण सिहाग की हत्या, बीकानेर सेंट्रल जेल में बलवीर बानूडा की हत्या की साजिश रचने और आर्म्स एक्ट के मामले में दर्ज किए गये थे। दुसाद मार्च 2016 से 15 मई 2023 तक सेंट्रल जेल बीकानेर में रहने के बाद जमानत पर छूटकर आया था।

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