रोडवेज के आरएम ऑफिस का असिस्टेंट रिश्वत लेते गिरफ्तार
सिक्योरिटी मनी वापस करने के लिए दुकानदार से मांगे 5 हजार, एंटी करप्शन की कार्रवाई
ओजस्वी किरण ब्यूरों
प्रयागराज। भ्रष्टाचार निवारण संगठन (एंटी करप्शन ब्यूरो) ने बुधवार को रोडवेज के क्षेत्रीय प्रबंधक कार्यालय में तैनात कार्यालय सहायक नीरज कुमार को 5,000 रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। आरोप है कि वह एक दुकानदार से सिक्योरिटी मनी वापस करने के नाम पर पैसे ले रहा था। दुकानदार की शिकायत पर एंटी करप्शन ने जाल बिछाया और उसे दबोच लिया।
बताया जाता है कि मिर्जापुर निवासी मनीष कुमार सोनकर ने एंटी करप्शन प्रयागराज में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायतकर्ता के अनुसार, मिर्जापुर रोडवेज बस स्टेशन परिसर में उसे 01 फरवरी 2021 से 31 जनवरी 2024 तक जनरल मर्चेंट की दुकान का ठेका मिला था। ठेका स्वीकृत होने के दौरान उसने ₹28,800 की सिक्योरिटी मनी जमा की थी। मनीष का कहना है कि ठेका अवधि समाप्त होने के बाद जब उसने सिक्योरिटी मनी वापस मांगी तो कार्यालय सहायक नीरज कुमार ने उससे रिश्वत की मांग की। कहा कि 5000 देने के बाद ही सिक्योरिटी मनी उसे वापस मिल सकेगी।
एंटी करप्शन के अधिकारियों ने बताया कि शिकायत के आधार पर प्रारंभिक जांच कराई गई तो आरोपी की आम शोहरत ठीक नहीं पाई गई। प्रारंभिक जांच में शिकायत सही प्रतीत होने पर ट्रैप की योजना बनाई गई। ताई योजना के मुताबिक बुधवार को एंटी करप्शन टीम दो स्वतंत्र साक्षियों के साथ दोपहर में उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक कार्यालय परिसर में पहुंची।
यहां शिकायतकर्ता ने फोन से संपर्क किया तो आरोपी कार्यालय सहायक ने उसे स्थापना कक्षा के सामने गैलरी में आने को कहा। वहां पहुंचने पर जैसे ही उसने शिकायतकर्ता से रुपए लिए, एंटी करप्शन की 12 सदस्य टीम ने आरोपी को दबोच लिया। इसके बाद उसे हिरासत पर लेकर पूछताछ की गई तो उसने अपना नाम नीरज कुमार और खुद को मूल रूप से बलिया का रहने वाला बताया। यह भी बताया कि वह वर्तमान में बेली कॉलोनी में रहता है।
एंटी करप्शन प्रयागराज इकाई के इंस्पेक्टर रविंद्र सिंह ने बताया कि आरोपी के खिलाफ थाना कैंट में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्यवाही की जा रही है।

+ There are no comments
Add yours