मौनी अमावस्या स्नान..
संगम तट पर श्रद्धालुओं का जनसैलाब, घने कोहरे ने बढ़ाई चुनौती; पुलिस ने हाथ पकड़कर घाटों तक पहुंचाया
ओजस्वी किरण विशेष संवाददाता
प्रयागराज। मौनी अमावस्या के पावन अवसर पर माघ मेले में संगम तट पर लाखों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी है। आस्था के इस महासंगम ने प्रशासन और सुरक्षा व्यवस्था के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है। सुबह घने कोहरे के कारण दृश्यता बेहद कम हो गई, जिससे कई श्रद्धालु एक-दूसरे से बिछड़ रहे थे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिसकर्मी हाथ पकड़कर श्रद्धालुओं को सुरक्षित घाटों तक पहुंचाते नजर आए।
सुबह 8:30 बजे तक 1.5 करोड़ श्रद्धालुओं ने किया स्नान
मेला प्रशासन के अनुसार, सुबह साढ़े आठ बजे तक लगभग 1.5 करोड़ श्रद्धालुओं ने गंगा-यमुना के पवित्र संगम में आस्था की डुबकी लगाई। यह आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है, क्योंकि मौनी अमावस्या का स्नान अत्यंत पुण्यदायी माना जाता है और दूर-दूर से श्रद्धालु संगम पहुंच रहे हैं।
भीड़ प्रबंधन के लिए बैरिकेडिंग हटाई गई
भीड़ को सुचारु रूप से नियंत्रित करने और पैदल प्रवेश को आसान बनाने के लिए प्रशासन ने कई स्थानों पर बैरिकेडिंग हटाने का निर्णय लिया। इससे घाटों तक पहुंचना तो आसान हुआ, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों को अतिरिक्त सतर्कता बरतनी पड़ रही है। वहीं यातायात को रोककर केवल पैदल प्रवेश सुनिश्चित किया गया है, ताकि अव्यवस्था न फैल सके।
श्रद्धालुओं के लिए कोहरा बना सबसे बड़ी चुनौती, पुलिस बनी सहारा
सुबह से ही संगम क्षेत्र में घने कोहरे की चादर छाई हुई है। दृश्यता बेहद कम होने से कई श्रद्धालु रास्ता भटक गए,बच्चों और बुजुर्गों को विशेष दिक्कतों का सामना करना पड़ा। ऐसे में मेला पुलिस ने मोर्चा संभालते हुए श्रद्धालुओं को दिशा-निर्देश देने के साथ हाथों का सहारा देकर सुरक्षित स्नान घाट तक पहुंचाया।
NDRF और पुलिस टीमें तैनात, मेडिकल व्यवस्था भी सक्रिय
सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पूरे मेला क्षेत्र में एनडीआरएफ के जवानों के साथ स्थानीय पुलिस की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं। वहीं श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए चेंजिंग रूम, प्राथमिक चिकित्सा, एम्बुलेंस और सहायता केंद्रों की पर्याप्त व्यवस्था की गई है।
कड़ाके की ठंड के बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह चरम पर
कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के बावजूद श्रद्धालुओं की आस्था कमजोर नहीं पड़ी। हर चेहरे पर संगम स्नान की लालसा और भक्ति भाव साफ दिखाई दे रहा है। देश विदेश से आए हुए लोग हर-हर गंगे का और गंगा मैया का जयकारा लगाते हुए लगातार संगम की तरफ आगे बढ़ रहे हैं।




+ There are no comments
Add yours